इस
न्यूज़ को गौर से देखिये ,यह तो आरोप हैं,सच्चाई नहीं,यह जांच के तुरंत
बाद ही साबित हो जायेगा,पर तब सच्चाई प्रिंट मीडिया नहीं छापेगा,८० दिन से
येही हो रहा हैं,आरोपों को बहुत ही हाईलाईट करके छापा जा रहा,पर जांच होने
के बाद जो सच्चाई निकल रहा हैं उसको प्रिंट मीडिया छुपा रहा हैं!
आर.सी.एम्
के गुदामो में जब सरकारी गेहू मिलने का आरोप लगा तब इसको आपने न्यूज़ पेपर
पर हाईलाईट किया गया पर जब हमने प्रमाण किया के वो सरकारी गेहू नहीं
हैं,जिस मंडी से यह गेहू ख़रीदा गया उहापर पुराणी सरकारी बोरा में इसका
packaging किया जाता हैं,उहासे खरीदने का और गेट पास का बिल भी पेश किया
गया,सिलाई भी सरकारी नहीं हैं यह भी प्रमाण हुआ,पर तब इसको प्रिंट मीडिया
ने नहीं छापा!क्या आप सिर्फ पैसे की भाषा ही समझते हो,तो सुनलो हमारी
चेताबनी भी,ऐसे ही करते रहोगे तो वोह वक़्त दूर नहीं जब आपको रास्ते पर
लाकर खड़े करेंगे,क्यूंकि सहेन का भी एक सीमा होता हैं और आज वोह वक़्त आ
रहा हैं जहापर लाखो लोगो का धैर्य का बाँध टूट रहा है,संभाल नहीं पाओगे!
आर.सी.एम् सिर्फ कोई कारोबार नहीं हैं!आर.सी.एम् लाखो लोगो का भबिष्य हैं,करोरो लोगोका भाबना हैं,भ्रष्ट लोगो से और भ्रष्ट बिचारो से इस देश को मुक्त करके एक नया सुन्हेरा भारत निर्माण करने का आवाज़ हैं!भ्रष्ट नेता,उस नेता द्वारा परिचालित प्रसशान और कुछ मीडिया इस आवाज़ को,इस क्रांति को झूटे इल्जामो से दबाने का कौसिश कर रहा हैं!आरे आरोप तो आप पर हम भी लगा सकते हैं ,और अगर सिर्फ उस आरोपों के आधार पर आप पर अत्याचार किया जाये ,बदनाम किया जाये तो कैसा लगेगा,क्या यह संबैधानिक हैं! और गणतंत्र में रहेते हुए भी ८० दिनों से हम लोग इसी जुल्म को सहेन करते आ रहे हैं!यह हमारा नींद नहीं हैं,हमारा संस्कार हैं,हमारा परिचय हैं !अब हम इससे बहार निकल के आये तो जहा भी छुपने जाओगे वहापे हमे पाओगे!
WRITTEN BY- BIMAN BALA(ADMIN)आर.सी.एम् सिर्फ कोई कारोबार नहीं हैं!आर.सी.एम् लाखो लोगो का भबिष्य हैं,करोरो लोगोका भाबना हैं,भ्रष्ट लोगो से और भ्रष्ट बिचारो से इस देश को मुक्त करके एक नया सुन्हेरा भारत निर्माण करने का आवाज़ हैं!भ्रष्ट नेता,उस नेता द्वारा परिचालित प्रसशान और कुछ मीडिया इस आवाज़ को,इस क्रांति को झूटे इल्जामो से दबाने का कौसिश कर रहा हैं!आरे आरोप तो आप पर हम भी लगा सकते हैं ,और अगर सिर्फ उस आरोपों के आधार पर आप पर अत्याचार किया जाये ,बदनाम किया जाये तो कैसा लगेगा,क्या यह संबैधानिक हैं! और गणतंत्र में रहेते हुए भी ८० दिनों से हम लोग इसी जुल्म को सहेन करते आ रहे हैं!यह हमारा नींद नहीं हैं,हमारा संस्कार हैं,हमारा परिचय हैं !अब हम इससे बहार निकल के आये तो जहा भी छुपने जाओगे वहापे हमे पाओगे!
DEAR ALL,SABHI SE AAGRAH HAI KI,HUMAARE RAJASTHAN KE ACTIVE DISTRIBUTORS/RCDWA/SENIOR LEADERS/UPLINE/DOWNLINE JO BHI HO,KOSHISH KAR KE APNE WAHAN KE M.L.A.(ANY PARTY) SE MIL KAR KAHEN KI WO RAJASTHAN VIDHAN SABHA MEIN QUESTION HOUR (PRASHN KAAL) MEIN RAJASTHAN SARKAR SE QUESTION PUCHE/SPASHTIKARAN KI MAANG KAREIN RCM KE KHILAAF HO RAHI KARARVAAI KA, AUR SARKAAR SE MAANG KI JAAYE VIDHAN SABHA MEIN,.........RCM KO START KARNE KA,BHALE HI JAACH KI KARARVAI CHALTE RAHE,LEKIN RCM PE AASHRITO KI BADI SANKHYA KO DEKHTE HUE,AUR VYAPAK JAN KALYAN HETU,VIDHANSABHA MEIN AGAR QUESTION UTHTA HAI TO,HO SAKTA HAI KI JALD HI KOI ACHI BAAT BAN JAYE. ISILIYE SABHI RAJASTHAN KE RCM SEVAKO SE ANURODH HAI KI IS DISHA MEIN THOS PEHAL KI JAAYE,KYUNKI AGAR KOI M.L.A. IS PRASHN(QUEST.?)KO VIDHAN SABHA MEIN KARTE HAI TO SARKAAR KO NISHCHIT HI ISKA JAWAAB DENA HOGA.ASHA KARTA HUN KI IS TARAF AAP SABHI JAROOR JALD SE JALD KOI NIRNAY LENGE.
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